NEET 2026: फिजिक्स ने बढ़ाई धड़कनें, बायोलॉजी रही स्कोरिंग, केमिस्ट्री ने किया संतुलन
मेडिकल प्रवेश परीक्षा में छात्रों को सबसे ज्यादा चुनौती फिजिक्स से मिली, समय प्रबंधन भी बना बड़ी परीक्षा

नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 को लेकर छात्रों और विशेषज्ञों की शुरुआती प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं। अधिकांश परीक्षार्थियों के अनुसार इस वर्ष का प्रश्नपत्र मध्यम से थोड़ा कठिन (Moderate to Slightly Tough) रहा। हालांकि तीनों विषयों में फिजिक्स सबसे कठिन और समय लेने वाला विषय साबित हुआ, जबकि बायोलॉजी अपेक्षाकृत आसान और स्कोरिंग रही।

परीक्षा देकर बाहर निकले कई छात्रों ने बताया कि फिजिक्स के प्रश्न सीधे रटकर हल करने वाले नहीं थे, बल्कि उनमें अवधारणात्मक समझ (Conceptual Understanding) और गणनात्मक क्षमता की अच्छी परीक्षा ली गई। कई सवालों को हल करने में अपेक्षा से अधिक समय लगा, जिससे अंतिम समय में प्रश्न छूटने की शिकायतें भी सामने आईं।
फिजिक्स रहा सबसे कठिन

विशेषज्ञों और छात्रों के अनुसार फिजिक्स सेक्शन में न्यूमेरिकल, एप्लीकेशन आधारित और कॉन्सेप्ट ड्रिवेन प्रश्नों की संख्या अधिक रही। यही कारण रहा कि अधिकांश अभ्यर्थियों ने इसे परीक्षा का सबसे कठिन भाग बताया। फिजिक्स में समय प्रबंधन बड़ी चुनौती बना रहा।
केमिस्ट्री रही संतुलित
केमिस्ट्री का स्तर कुल मिलाकर मध्यम रहा। ऑर्गेनिक, इनऑर्गेनिक और फिजिकल केमिस्ट्री से संतुलित प्रश्न पूछे गए। एनसीईआरटी आधारित प्रश्नों की अच्छी संख्या रही, लेकिन कुछ अवधारणात्मक प्रश्नों ने छात्रों को सोचने पर मजबूर किया।
बायोलॉजी ने दिलाई राहत

बॉटनी और जूलॉजी के अधिकांश प्रश्न एनसीईआरटी आधारित बताए जा रहे हैं। छात्रों का कहना है कि बायोलॉजी सेक्शन अपेक्षाकृत आसान और स्कोरिंग रहा। जिन छात्रों ने एनसीईआरटी की गहन तैयारी की थी, उन्हें इस सेक्शन में लाभ मिलने की संभावना है।
छात्रों का क्या रहा अनुभव
परीक्षार्थियों के अनुसार प्रश्नपत्र का स्तर संतुलित था, लेकिन फिजिक्स के कारण पूरे पेपर को हल करने में समय का दबाव महसूस हुआ। कई छात्रों ने कहा कि परीक्षा में सफलता केवल याददाश्त नहीं बल्कि अवधारणात्मक समझ और समय प्रबंधन पर निर्भर रही।
कटऑफ पर क्या पड़ सकता है असर?

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि देशभर में अधिकांश छात्रों का अनुभव समान रहा तो फिजिक्स की कठिनाई के कारण कटऑफ में बहुत बड़ा उछाल देखने को नहीं मिलेगा। हालांकि अंतिम तस्वीर परिणाम जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
