ऐसा भी होता है..? दिल्ली में नौकरी दिलाने के नाम पर बुलाया और लूट लिया…
लव इंडिया, मुरादाबाद। थाना सिविल लाइंस पुलिस ने दिल्ली में नौकरी दिलाने का झांसा देकर बुलाने, रुपये हड़पने, मारपीट करने तथा जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने के आरोप में पांच नामजद आरोपियों समेत अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
जनपद फतेहपुर के महेंद्र ने कराई एफआईआर
एफआईआर संख्या 0454/2026 के अनुसार यह मुकदमा महेन्द्र कुमार पुत्र महेश कुमार, निवासी ग्राम हसनापुर, पोस्ट फतेहपुर, थाना कोतवाली सदर, जनपद फतेहपुर (उत्तर प्रदेश) की तहरीर पर दर्ज किया गया है। रिपोर्ट 9 जुलाई 2026 को रात 12:39 बजे थाना सिविल लाइंस, जनपद मुरादाबाद में दर्ज हुई।
एफआईआर में लगाए गए आरोप

शिकायतकर्ता के अनुसार उनकी दोस्ती अक्षय नामक युवक से हुई थी। आरोप है कि अक्षय ने उन्हें अकाउंटेंट तथा सेल्स पर्सन की नौकरी दिलाने का भरोसा दिया। शिकायतकर्ता के अनुसार वह अपने साथ अमन पुत्र रमेश सिंह तथा मोहित पुत्र धर्मपाल, दोनों निवासी ग्राम शाहपुर कुंडैया, थाना हुसैनगंज, जनपद फतेहपुर को लेकर 6 जुलाई 2026 को दिल्ली पहुंचे।
कई किश्तों में रकम भी ट्रांसफर कराई
एफआईआर के मुताबिक वहां से उन्हें कार के माध्यम से मुरादाबाद जनपद के ठाकुरद्वारा क्षेत्र लाया गया। आरोप है कि रास्ते में पहले से मौजूद कुछ लोगों ने नौकरी दिलाने के बहाने उनसे एटीएम कार्ड का पिन पूछकर खाते से रुपये निकाल लिए। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उनसे और उनके साथियों के खातों एवं यूपीआई के माध्यम से कई किश्तों में रकम भी ट्रांसफर कराई गई।
तमंचे से फायरिंग भी की गई
बाद में आरोपियों ने उन्हें एक सुनसान स्थान पर ले जाकर मारपीट की। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी गई और कथित रूप से तमंचे से फायरिंग भी की गई। शिकायतकर्ता का कहना है कि फायरिंग में उन्हें गोली नहीं लगी और आरोपी मौके से कार व बाइक लेकर फरार हो गए।
एफआईआर में नामजद आरोपी

एफआईआर में निम्नलिखित लोगों को नामजद किया गया है। इनमें अक्षय, कात्यांश, दीपक, सूरज गुलशेर आदि हैं।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की विभिन्न धाराओं, जिनमें 191(2), 318(4), 115(2), 351(2), 109(1) तथा 3(5) शामिल हैं, के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के दौरान प्राप्त साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
