Tmu इंटर्नल हैकाथॉन में क्लैरा टीम विजेता

फ़ैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन प्रो. राकेश कुमार द्विवेदी बोले, इंटर्नल हैकाथॉन का मकसद स्टुडेंट्स को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करना

लव इंडिया मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइन्सेज़ एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉज़ी-सीसीएसआईटी में एमसीए विभाग की ओर से आयोजित दो दिनी इंटर्नल हैकाथॉन में बीटेक आईबीएम के स्टुडेंट्स शाश्वत मल्होत्रा, प्रणय कोचर, संयम जैन और बीटेक एआई की दीक्षा जैन, अनुभव जैन, अदिति भारद्वाज की टीम क्लैरा विजेता रही।

बीसीए की टीम क्लैंक्स को द्वितीय पुरस्कार, बीटेक-सीएसई की टीम बाइनरी को तृतीय

बीसीए के स्टुडेंट्स ललित कुमार, मोहम्मद अली, नितिन कुमार और कृष्णा शर्मा की टीम क्लैंक्स को द्वितीय, जबकि बीटेक-सीएसई के आशुतोष कुमार, मो. फैज, अनमोल रजनीश, संयम जैन, आनंद कुमार, आदर्श कुमार की टीम बाइनरी बीस्ट को तृतीय स्थान पर रही। क्लैरा टीम ने समस्या कथन- एआई-आधारित परीक्षा तैयारी सहायक को हल किया। टीम ने व्यक्तिगत परीक्षा की तैयारी के लिए एक अभिनव एआई-संचालित समाधान प्रस्तुत किया।

.प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया

क्लैंक्स टीम ने एआई-आधारित एल्डरली फॉल डिटेक्शन समस्या के लिए प्रस्तुत उनके समाधान ने बुजुर्गों की सुरक्षा और कल्याण में सुधार करने की अपनी क्षमता से जजों को प्रभावित किया। बाइनरी बीस्ट टीम ने एक अत्याधिक प्रभावी एआई-आधारित वॉयस असिस्टेंट और ऑटोमेशन सिस्टम विकसित किया, जिसमें समस्या कथन- एआई वॉयस असिस्टेंट, ऑटोमेशन के समाधान का प्रदर्शन किया। फ़ैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन प्रो. राकेश कुमार द्विवेदी और सीसीएसआईटी के एचओडी डॉ. शंभू भारद्वाज ने विजेता टीमों को ट्रॉफी और विजेता प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया।

11 थीमों पर प्रतिभागियों ने दिया प्रेजेंटेशन

इंटर्नल हैकाथॉन में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, स्मार्ट सिटीज, करियर डेवलपमेंट, एडटेक और साइबर सुरक्षा जैसे क्षेत्रों से संबन्धित कुल 11 थीमों पर प्रतिभागियों ने अपना-अपना प्रेजेंटेशन दिया। फ़ाइनल राउंड के निर्णायक मण्डल में प्रो. प्रदीप कुमार, प्रो. अशोक कुमार और डॉ. गुलिस्ता खान शामिल रहे। इंटर्नल हैकाथॉन में कुल 49 टीमों ने प्रतिभाग किया।

चौदह टीमें फ़ाइनल राउंड के लिए चयनित

क्वालीफायर राउंड में 14 टीमों को फ़ाइनल राउंड के लिए चयनित किया गया। क्वालीफायर राउंड के निर्णायक मण्डल में डॉ. प्रदीप कुमार शाह, डॉ. प्रियांक सिंघल, डॉ. नूपा राम चौहान और डॉ. शालिनी निनोरिया शामिल रहे। संचालन एमसीए प्रथम वर्ष के स्टुडेंट्स अरिहंत जैन और यश जैन ने किया।

8 मूल्यांकन मानदंडों पर बारीकी से परखा

एफओई के डीन प्रो. द्विवेदी ने कहा, इंटर्नल हैकाथॉन का उद्देश्य इंटर्नल हैकाथॉन स्टुडेंट्स के कोडिंग, समस्या-समाधान, तकनीकी प्रतिभा और टीमवर्क कौशल को बढ़ाने के साथ-साथ उनको राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करना है। उन्होंने कहा, इन प्रेजेंटेशन्स को विचार की नवीनता, जटिलता, निर्धारित प्रारूप में स्पष्टता और विवरण, फीजिबिलिटी, प्रैक्टिकेबिलिटी, सस्टेनेबिलिटी, स्केल ऑफ इम्पैक्ट और उपयोगकर्ता अनुभव और भविष्य में कार्य प्रगति की संभावना जैसे कुल 8 मूल्यांकन मानदंडों पर बारीकी से परखा गया।

इंटर्नल हैकाथॉन में कोऑर्डिनेटर्स- विकास देशवाल और विकास कुच्छल के संग-संग एमसीए प्रथम वर्ष के स्टुडेंट्स कोऑर्डिनेटर्स- यश जैन, अरिहंत जैन, वत्सल नेगी, आर्यन जैन, ट्विंकल जैन, स्टुडेंट वॉलंटियर्स- कनिष्का जैन, सोनू सैनी, नैंसी श्रीवास्तव, हर्षित बिष्ट, आदित्य कटारिया, आदित्य जैन और संयम चौधरी आदि की उल्लेखनीय मौजूदगी रही।

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